AC Cooling Tips : गर्मियों में AC का इस्तेमाल करने वाले ये खबर जरूर पढ़े, इस देसी आईडिया से बिल आएगा कम और कुलिंग बढ़ेगी

NF Agro, New Delhi AC Cooling Tips : ऐसे में लोगों को लगता है कि उनका AC खराब हो गया है। लेकिन कई बार समस्या आपके एयर कंडीशनर में नहीं बल्कि मौसम में होती है।
जब मौसम का तापमान 44 डिग्री से ऊपर चला जाता है तो ऐसे हालात में AC की आउटडोर यूनिट को बहुत ज्यादा गर्म हवा के बीच काम करना पड़ता है। इस सिजुएशन में एक बाल्टी साधारण पानी अस्थायी रूप से इसकी एफिशिएंसी बढ़ाने में मदद कर सकता है।
AC की कूलिंग क्यों हो जाती है कम
एयर कंडीशनर का आउटडोर यूनिट कमरे के अंदर की गर्मी को बाहर निकालने का काम करता है। लेकिन जब बाहर मौसम का तापमान बहुत अधिक बढ़ जाता है तो ऐसे वक्त में यूनिट के लिए उस गर्मी को बाहर की हवा में छोड़ पाना मुश्किल हो जाता है।
ऐसी परिस्थिति में रेफ्रिजरेंट और आसपास की हवा के बीच तापमान का अंतर कम हो जाता है, जिससे हीट एक्सचेंज की प्रक्रिया धीमी पड़ जाती है।
इस वजह से AC को कमरे को ठंडा करने के लिए ज्यादा मेहनत करनी पड़ती है। कूलिंग की स्पीड कम हो जाती है और बिजली की खपत बढ़ने लगती है। ऐसे में एसी को बहुत अधिक मेहनत करना पड़ता है।
एक बाल्टी पानी डालने से मिलता है फायदा
ऐसी स्थिति में आप एक बाल्टी पानी अपने एसी में डाल सकते हैं। दरअसल, जब आउटडोर यूनिट की कंडेंसर कॉइल्स पर पानी डाला जाता है, तो वाष्पीकरण की प्रक्रिया शुरू होती है। पानी के भाप में बदलने के वक्त वह कॉइल्स की सतह से गर्मी को तेजी से खींच लेता है।
कॉइल्स का तापमान कम होने पर रेफ्रिजरेंट ज्यादा प्रभावी तरीके से गर्मी बाहर निकाल पाता है। इससे कंप्रेसर पर दबाव कम पड़ता है और AC बेहतर एफिशिएंसी के साथ काम करने लगता है। इस तरह कमरे की कूलिंग तेज हो सकती है और बिजली की खपत भी कम होती है।
AC में पानी डालते वक्त इन खास बातों का ध्यान रखना बहुत जरूरी
आउटडोर यूनिट का डिजाइन इस तरह किया जाता है कि वो बारिश और सामान्य पानी को झेल सके , लेकिन इसके अंदर मौजूद इलेक्ट्रिकल हिस्सों को नुकसान पहुंचने का खतरा बना रहता है। इसलिए सावधानी बहुत जरूरी है।
सबसे पहले AC को केवल रिमोट से बंद करने के बजाय मुख्य बिजली सप्लाई या ब्रेकर से पूरी तरह बंद कर दें। इसके बाद ही बाल्टी या गार्डन होज के हल्के शॉवर मोड का इस्तेमाल करें।
हाई-प्रेशर जेट या प्रेशर वॉशर का इस्तेमाल बिल्कुल न करें। कंडेंसर यूनिट में मौजूद एल्युमिनियम फिन्स काफी पतले होते हैं और तेज दबाव से मुड़ सकते हैं। इससे एयरफ्लो में रुकावट आती है और AC की एफिशिएंसी घट सकती है।
पानी को यूनिट के किनारों पर मौजूद धातु फिन्स और कॉइल्स पर डालें। इसलिए कोशिश करें कि वायरिंग एंट्री पॉइंट, कंट्रोल बोर्ड और अन्य इलेक्ट्रिकल पैनलों पर पानी न पहुंचे।
सफाई या पानी डालने के बाद AC को तुरंत चालू न करें। तकरीबन 30 मिनट तक इंतजार करें ताकि सभी सतहें अच्छी तरह सूख जाएं। इसके बाद ही बिजली सप्लाई दोबारा चालू करें।








